भाजपा के बिहार के प्रदेश अध्यक्ष के साथ लोकगायिका मैथिली ठाकुर
मैथिली ठाकुर #maithili thakur एक गायिका है और वह बिहार का ब्रांड बन गईं। वह पूरे बिहार के लिए गौरव की बात है। वह देश से विदेश तक एक बिहारी के रूप में जानी पहचानी जा रही थीं। पूरा बिहार उन्हें अपना मान रही थीं। जैसे भी उन्होंने एक राजनीतिक पार्टी भारतीय जनता पार्टी को ज्वाइन की, वैसे ही वह तबकों में बांट गईं। अब होगा यह कि पहले 100 प्रतिशत बिहारियों का उन्हें समर्थन मिलता था। अब 60 प्रतिशत से अधिक बिहारी उनसे अलग हो गए। किसी न किसी मंच पर विरोध भी होगा। हो सकता है विधायक बन जाएं मगर टैग हो जाएगा भाजपा विधायक। खैर, यह उनका अपना फैसला है। मुझे जो लगता था, कह दिया। हेमा मालिनी भाजपा की सांसद हैं और लगातार सांसद हैं, लेकिन जो शौहरत उन्हें अभिनय की दुनिया में मिला था, क्या अब वह उस बुलंदी पर हैं? मुझे लगता है, नहीं। इस कारण मुझे डर है कि मैथिली को राजनीति कहीं ले न डूबे ( maithilee ko raajaneeti kaheen le na doobe) !
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| भाजपा के पट्टे के साथ मैथिली |
लता मंगेशकर जी हमेशा भाजपा का समर्थन की हैं, मगर कभी पार्टी मंच का उपयोग नहीं किया। विष्णुलोक वासी होने के बाद भी आज उन्हें 100 प्रतिशत लोग प्यार करते हैं । आपको पता होगा कि लता मंगेशकर राज्यसभा में मनोनीत सदस्य के रूप में रही थीं। वह नवंबर 1999 से लेकर नवंबर 2005 तक संसद (राज्यसभा) की सदस्य रहीं। वह किसी राजनीतिक पार्टी से नहीं थीं। उन्हें राष्ट्रपति द्वारा कला क्षेत्र से मनोनीत सांसद (Nominated MP) बनाया गया था, जैसा कि भारतीय संविधान के तहत प्रावधान है। हालांकि, उन्हें तत्कालीन बीजेपी (BJP) समर्थित सरकार द्वारा मनोनीत किया गया था। और सबसे बड़ी बात यह कि उन्होंने अपने छह साल के कार्यकाल में सांसद के तौर पर कोई वेतन या भत्ता स्वीकार नहीं किया था।
नई उड़ान या कैरियर पर दाव
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| भारतीय पारंपरिक साड़ी में मैथिली |
मेरा कहना यह था कि कोई व्यक्ति एक दिन में महान नहीं होता है। उसे इसके लिए तप और साधना करनी पड़ती है। मैथिली आपको माता सरस्वती ने गोद ले रखा है। आपके कंठ में माता स्वयं विराजमान हैं। आप इतनी अच्छी गाती हैं। आपका गायन कर्णप्रिय है। सब आपको प्यार करते हैं। सोशल मीडिया पर आपके करोड़ों फॉलोवर्स हैं। नई पीढ़ी की आप से उदीयमान गायक हैं, जो सभ्यता और संस्कृति को साथ लेकर चल रही हैं। अपने सनातन का पालन कर रही हैं, तो ऐसी क्या मजबूरी थी, जो आपने भाजपा में शामिल होकर चुनाव लड़ने जा रही हैं। कहीं इससे आपका कैरियर दाव पर नहीं लग जाएगा? हो सकता है कि आपको एक नई उड़ान मिले?
मगर मुझे ऐसा लगता है कि कहीं आप भाजपा का मोहरा न बन कर रह जाएं। आपको सिर्फ मंच की शोभा न बना कर रख लें? यह मेरी सिर्फ आशंका है। इसमें सच्चाई क्या है? यह भविष्य के गर्भ में है। उसके बारे बारे में सिर्फ अनुमान लगाया जा सकता है।
अब समाज सेवा का मौका
मुझे लगता मैथिली जब आपने इतना बड़ा फैसला लिया है तो विचार जरूर किया होगा? आपने सोचा होगा कि राजनीति में जाएंगे तो हम बिहार के लिए समाज सेवा करेंगे? आपने कुछ सोचा होगा? आपने कुछ सर्वेक्षण किया होगा? अपने कुछ लक्ष्य तय किया होगा क्योंकि आपका जो पारिवारिक बैकग्राउंड है वह निश्चित रूप से आपको फैसले पर विवेचना करने के लिए मजबूर किया होगा।
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| प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के साथ मैथिली ठाकुर |
आइए अब देखते हैं मैथिली ठाकुर का संघर्ष इतिहास
मैथिली ठाकुर भारत की एक लोकप्रिय गायिका हैं, जो मुख्य रूप से शास्त्रीय संगीत और लोक संगीत के लिए जानी जाती हैं।
मैथिली मुख्य रूप से मैथिली, भोजपुरी और हिंदी में लोक गीत और भक्ति गीत/भजन गाती हैं। इनमें छठ गीत और कजरी भी शामिल हैं। वह विभिन्न भाषाओं में बॉलीवुड कवर और अन्य पारंपरिक लोक संगीत भी गाती हैं।
मैथिली का जन्म 25 जुलाई 2000 को बिहार के मधुबनी जिले के बेनीपट्टी गाँव में हुआ था। उनके पिता रमेश ठाकुर उनके संगीत गुरु भी हैं, और उनकी माँ का नाम भारती ठाकुर है। उनके दो छोटे भाई, ऋषभ ठाकुर (तबला वादक) और अयाची ठाकुर (गायक), भी उनके साथ संगीत में सहयोग करते हैं।
मैथिली ने 2017 में भारतीय गायन रियलिटी कार्यक्रम 'राइजिंग स्टार' के पहले सीज़न में भाग लिया और फिनाले तक पहुँची थीं। इसके बाद उन्होंने 'इंडियन आइडल जूनियर' में भी हिस्सा लिया था। उन्हें यूट्यूब और सोशल मीडिया पर अपनी वीडियो के माध्यम से जबरदस्त लोकप्रियता मिली।
मैथिली को राष्ट्रीय रचनाकार पुरस्कार (2024) से सम्मानित किया गया है। उन्हें बिहार राज्य खादी, हैंडीक्राफ्ट्स और टूरिज्म का ब्रांड एंबेसडर भी बनाया गया है।
उनके कुछ प्रसिद्ध गानों में 'महिषासुरमर्दिनी स्त्रोतम' और त्योहारों से जुड़े गीत शामिल हैं। उन्होंने यह भी बताया है कि वह बॉलीवुड में गाने के खिलाफ हैं। इस कारण उनकी अलग पहचान है। फिर राजनीति में आने की जरूरत क्या थी?
:- तरुण कुमार कंचन
* सभी तस्वीर सोशल मीडिया से
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ReplyDeleteबहुत ही बेहतरीन तरीके से विश्लेषण किया हैं सर आपने..🖋️
ReplyDeleteसही कहा आपने, मगर दिल में आशंका है।
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