google.com, pub-9395330529861986, DIRECT, f08c47fec0942fa0 Kanchanwani कंचनवाणी: Bihar Elections 2025: : आज 'कयामत की रात' - कल कोई सिर पीटेगा, कोई सिर धुनेगा! Today is the 'night of doom' - tomorrow some will bang their heads, some will beg!

Mobile, laptop and tablet

Thursday, 13 November 2025

Bihar Elections 2025: : आज 'कयामत की रात' - कल कोई सिर पीटेगा, कोई सिर धुनेगा! Today is the 'night of doom' - tomorrow some will bang their heads, some will beg!

मतगणना केंद्र की आंतरिक तैयारी देखते मुजफ्फरपुर के डीएम और एसएसपी

💥Tarun Kumar Kanchan

Will the throne of power in Bihar change hands? Why is tonight the most crucial night for politicians, and why have the exit polls raised everyone's heartbeat? 

​क्या बिहार की सत्ता का सिंहासन बदलेगा? आज की रात क्यों है नेताओं के लिए सबसे भारी, और एग्जिट पोल ने क्यों बढ़ाई सबकी धड़कनें?

​आज, 13 नवंबर है। घड़ी की सुइयाँ जैसे-जैसे आगे बढ़ रही हैं, बिहार की राजनीतिक हवा में पारा चढ़ता जा रहा है, पर सियासी गलियारों में सन्नाटा पसरा है। यह सन्नाटा सामान्य नहीं है; यह तूफान से पहले की खामोशी है। नेताओं, उम्मीदवारों और कार्यकर्ताओं के लिए, यह रात असल मायने में 'कयामत की रात' बन चुकी है!

इम्तिहान, जश्न और हताशा का मिश्रण होगा कल का दिन

​इस बार ऐतिहासिक मतदान के बाद, बिहार की सत्ता का सिंहासन किसे मिलेगा? किसके सपने साकार होंगे और कौन राजनीतिक वनवास पर जाएगा? इस माहौल में, आइए जानते हैं कि एग्जिट पोल की आखिरी हलचल क्या है और इस 'कयामत की रात' में सियासी गलियारों में किस तरह की बेचैनी पसरी हुई है...

🔒 EVM की 'कठोर' पहरेदारी: सुबह 8 बजे से काउंटिंग, 10 बजे से रुझान

​Bihar Elections 2025  बिहार में दो चरणों में संपन्न विधानसभा चुनाव के बाद 14 नवंबर को वोटो की गिनती होगी। गिनती शुरू होने के महज 2 घंटे के भीतर ही चुनाव परिणाम के रुझान आने लगेंगे।

​चुनाव आयोग ने राज्य में वोटो की गिनती के लिए 46 मतगणना केंद्रों का गठन किया है, जहाँ सभी 243 सीटों के लिए काउंटिंग होगी।

​काउंटिंग शुरू: कल सुबह 8:00 बजे

​रुझान शुरू: सुबह 10:00 बजे से

🚨 विजय जुलूस पर प्रतिबंध: आयोग ने प्रदेश में कहीं भी विजय जुलूस निकालने पर प्रतिबंध लगा दिया है, ताकि शांति व्यवस्था बनी रहे।

​मतगणना केंद्र की 100 मीटर की परिधि में तीन स्तर का सुरक्षा घेरा होगा। किसी भी मोबाइल, कैलकुलेटर, इलेक्ट्रॉनिक उपकरण या कैमरा को अंदर ले जाने की अनुमति नहीं है।

​गड़बड़ी की आशंका?

सासाराम में मतगणना केंद्र पर आधी रात पहुंचा ट्रक

सुरक्षा इतनी सख्त है कि लोगों को आशंका है कि कहानी में कहीं कोई 'ट्विस्ट' न आ जाए! हालांकि, गड़बड़ियों को रोकने के लिए केंद्रीय बलों की 60 कंपनियाँ निगरानी में लगी हैं, जिसकी पूरी जिम्मेदारी CRPF को दी गई है। इसके बावजूद, बुधवार की रात सासाराम में खाली बक्सों से भरे ट्रक की घटना ने राजनीतिक दलों के बीच बेचैनी बढ़ा दी है। नेताओं और प्रत्याशियों की टोली स्ट्रांग रूम की निगरानी में जुटी है, उन्हें ना दिन में चैन है, ना रात में!

​दोपहर तक फैसला:

सख्त सुरक्षा के बीच, दिन के 12:00 बजे तक यह स्पष्ट हो जाएगा कि बिहार में किसके सिर ताज होगा, कौन जमीन पर लुढ़क जाएगा, और किसका राजनीतिक वनवास होगा।

एग्जिट पोल की 'उलझन' ने बढ़ाई बेचैनी

​बिहार विधानसभा चुनाव 2025 के रिजल्ट को लेकर आए एग्जिट पोल ने राजनीतिक दलों, कार्यकर्ता और आम जनता, सभी में उलझनें बढ़ा दी हैं। दूसरे चरण का मतदान खत्म होते ही कई एजेंसियों ने अपने आंकड़े जारी किए।

​पोल का सार:

तमाम एग्जिट पोल में बिहार में राजग (NDA) को स्पष्ट बहुमत मिलता दिख रहा है। हालांकि, इंडी महागठबंधन के नेताओं का दावा है कि वोट सरकार के विरोध में पड़ा है और एग्जिट पोल गलत साबित होंगे।

एजेंसी NDA अनुमानित सीटें महागठबंधन अनुमानित सीटें

मैट्रिज और I.A.N.S : NDA को 147 से 167  जबकि महागठबंधन को 70 से 90 सीटें

चाणक्य : एनडीए को 138 से 148 और महागठबंधन को 100 से 108 सीटें

औसत अनुमान : एनडीए के लिए 135 से 150 सीटें

एग्जिट पोलों से स्पष्ट है कि यह मुकाबला काँटे की टक्कर वाला होगा।

जनसुराज को झटका:

प्रशांत किशोर

सबसे बड़ी बात यह रही कि उम्मीद जताई जा रही थी कि जन सुराज एक बड़ा विकल्प बनकर उभरेगा, लेकिन एग्जिट पोल के विश्लेषण में उसे दहाई अंक तक नहीं पहुँचाया गया है (अधिकतम 5 सीट का अनुमान)। इससे मतदाता और कार्यकर्ता सभी हैरान हैं।

इंडी महागठबंधन के नेताओं की साँसें इस विश्लेषण से अटक गई हैं। तनाव इतना है कि कल ही कांग्रेस के वरिष्ठ नेता शकील अहमद ने पार्टी छोड़ दी, उनका कहना है कि अब इस पार्टी में रहना उचित नहीं है।

🚺 महिलाओं ने बढ़ाई 'उलझनें': बिहार का सिकंदर कौन?

इस बार महिला वोटरों ने सबसे ज्यादा उलझन पैदा कर दी है। यह कहा जा रहा है कि महिलाओं के एकमुश्त वोट से ही इस बार बिहार का सिकंदर तय होगा।

बिहार चुनाव 2025 में महिलाओं ने पुरुषों से करीब 9% अधिक मतदान किया है।

महिला मतदान प्रतिशत: 71.6%

पुरुष मतदान प्रतिशत: 62.8%

अधिकांश महिलाओं का कहना है कि नीतीश सरकार के फैसलों ने उन्हें महत्व दिया, उनके परिवार को बचाया और जीने का सहारा दिया। अटकलें हैं कि अधिकतर महिलाएँ इन्हीं मुद्दों पर नीतीश कुमार को वोट करने आई थीं, जिसने NDA की स्थिति मजबूत की है।

🎯 आखिरी रणनीति और दाँव पर लगा राजनीतिक भविष्य

नीतीश कुमार

सभी नेता अब आखिरी रणनीति बनाने में जुटे हैं कि कैसे मतगणना केंद्र पर वोटो की गिनती को 'सही दिशा' में ले जाना है।

सत्तारूढ़ दल (NDA): एग्जिट पोल के बाद थोड़े सुकून में है।

इंडी गठबंधन और जन सुराज: प्रत्याशी अपनी साख बचाने के लिए दिनभर मीटिंग का दौर जारी रखे हैं।

पटना से ही सभी जिला मुख्यालयों में कमांड किया जा रहा है कि गड़बड़ी आने पर किस तरह व्यवहार करना है। हालांकि, अब एग्जिट पोल की चिंता का कोई अर्थ नहीं— कल सूरज निकलेगा और रातभर के तनाव के बाद सुबह परिणाम आ जाएगा!

🔥 किसके लिए दाँव सबसे बड़ा है?

एग्जिट पोल पर ध्यान दें तो कल का दिन कई नेताओं के लिए करियर डिफाइनिंग होगा:

नीतीश कुमार: यदि बहुमत प्राप्त करते हैं, तो वह 10वीं बार मुख्यमंत्री पद की शपथ लेंगे।

तेजस्वी यादव: यदि हार होती है, तो उन्हें 5 साल और इंतजार करना पड़ेगा।

प्रशांत किशोर (जन सुराज): चुनाव के दौरान उन्हें किंग मेकर के रूप में स्थापित किया जा रहा था, लेकिन एग्जिट पोल ने उन्हें निराश किया है।

NDA के अंदर भी बेचैनी:

सम्राट चौधरी

सत्तारूढ़ और महागठबंधन के दल में कई ऐसे नेता हैं, जिनके लिए स्थिति अनिश्चित है।

विजय कुमार सिन्हा को पहले चरण के मतदान के दौरान जिस तरह परेशान देखा गया, उससे उनकी स्थिति के बारे में समझा जा सकता है।

सम्राट चौधरी जीत भी गए तो निकटतम प्रतिद्वंद्वी से अंतर बहुत कम होने की आशंका।

मुकेश सहनी मलाह जाति के नेता के रूप में अपनी प्रतिष्ठा स्थापित करनी होगी।

चिराग पासवान खुद को सिर्फ एक जाति का नेता होने की छवि से ऊपर उठाना होगा।

उपेंद्र कुशवाहा पिछली बार लोकसभा चुनाव हारने के बाद अपनी अहमियत इस बार स्थापित करनी होगी।

जीतन राम मांझी लगातार अपने क्षेत्र में बने रहे; देखना है कि उन्हें मिली सीट को वह किस रूप में बचा पाते हैं।

​इसलिए, नेताओं की नजरों में ना कल का धुआँ है, ना आज का उजाला। वे बेचैन हैं कि कल उनके गले में फूलों का हार होगा या हार का ठीकरा उनके माथे फूटेगा!


#BiharElection #BiharNews #बिहारचुनाव #कयामतकीरात #BiharResult #राजनीति

#BiharElections2025 #EVM #CountingDay #BiharPolitics #Trending


No comments:

Post a Comment